17 साल की ए क लड़की एक विधायक के घर नौकरी के लिए बात करते जाती है और फिर कुछ समय बाद वह बताती है कि विधायक के घर पर उसका रेप किया गया. इसके बाद ग़ायब हो जाती है, उसके पिता कि पुलिस हिरासत में मौत हो जाती है, उसकी चाची की मौत हो जाती है और वो अपनी इस लड़ाई को लड़ते-लड़ते अपनी ज़िंदगी के लिए भी जंग लड़ रही हैं. पढ़ने में ये कोई क्राइम-ड्रामा बॉलीवुड सिनेमा की स्क्रिप्ट लगती है लेकिन ये साल 2017 से शुरू हुए उन्नाव रेप पीड़िता की असल ज़िंदगी की कहानी है. आज से लगभग दो साल पहले सुर्खियों में आया . ये मामला अब फिर ख़बरों में हैं और इस बा र लड़की अपनी मौत से जंग लड़ रही है. इस बेहद क्रूर अपराध के शुरू होने से लेकर अब तक की कहानी आपको झकझोर कर रख देगी. 4 जून 2017- पीड़िता ने बताया कि वह विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के यहां नौकरी दिलाने में मदद मांगने के लिए उनसे मिलने गई और विधायक के घर पर उसका रेप किया गया. 11 जून 2017- इसके बाद 11 जून को लड़की ग़ायब हो गई, जिसके बाद लड़की के प रिवार वालों ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई. 20 जून, 2017- पीड़िता लड़की औरया के एक गांव से मिल...